त्योहारी सीजन से पहले चीनी के दाम में उछाल, थोक कीमत 4000 रुपये प्रति टन बढ़ी
महाराष्ट्र में एक महीने में चीनी के दाम 4,000 रुपये प्रति मीट्रिक टन बढ़ गए हैं. कम बारिश, अल नीनो की आशंका और सीमित आपूर्ति के कारण कीमतों में तेजी आई है. उद्योग का अनुमान है कि मौजूदा भाव बने रहने पर चीनी मिलों को अगले सीजन में 11,000 करोड़ रुपये तक की अतिरिक्त कमाई हो सकती है.
हिमाचल प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय, पालमपुर ने मक्का किसानों को फॉल आर्मीवॉर्म कीट से सतर्क रहने की सलाह दी है. किसानों से खेतों की नियमित निगरानी, समेकित कीट प्रबंधन (IPM) अपनाने और जरूरत पड़ने पर ही कीटनाशकों का इस्तेमाल करने को कहा गया है. समय पर पहचान और नियंत्रण से फसल का नुकसान कम किया जा सकता है.
जीएम बीज के बिना दूसरे देश बेहतर दलहन पैदावार हासिल कर सकते हैं, तो हम क्यों नहीं?
GM Seeds : सरकार दलहन और तिलहन उत्पादन बढ़ाने पर जोर दे रही है और आईसीएआर को जीएम बीजों की उम्मीद लगाए रहने की बजाय दूसरे देशों से सबक लेने को कहा है. कहा गया है कि जीएम बीजों के बिना दूसरे देश ज्यादा उत्पादन हासिल कर सकते हैं तो हम क्यों नहीं.
महाराष्ट्र में खराब सोयाबीन बीजों पर बवाल, 3615 शिकायतें दर्ज.. 6000 हेक्टेयर फसल पर संकट
महाराष्ट्र में खराब गुणवत्ता वाले सोयाबीन बीजों को लेकर किसानों की शिकायतें बढ़ती जा रही हैं. कृषि विभाग को अब तक 3,615 शिकायतें मिली हैं और करीब 6,000 हेक्टेयर फसल प्रभावित हुई है. जांच में 581 बीज नमूने मानकों पर खरे नहीं उतरे, जिसके बाद कई बीज कंपनियों के खिलाफ एफआईआर और कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है.
मौसम का असर! दूध उत्पादन में 12 फीसदी की कमी.. गर्मी से इस राज्य में कम दूध दे रहे मवेशी
तमिलनाडु के मदुरै में भीषण गर्मी और कम बारिश से दूध उत्पादन प्रभावित हुआ है. आविन की रोजाना दूध खरीद 1.70 लाख लीटर से घटकर 1.50 लाख लीटर रह गई है. तेज गर्मी, पानी और चारे की कमी से गाय-भैंस कम दूध दे रही हैं, जिससे पूरे क्षेत्र के दुग्ध उत्पादन पर असर पड़ा है.